नोटबंदी के बाद देशभर में अब तक 40 लोगों की मौत

आतंकवाद और कालेधन की समस्या के खिलाफ केंद्र सरकार द्वारा उठाए गए कदम के बाद देश में अब तक 40 से ज्यादा लोगों की मौत...

नोटबंदी के बाद देशभर में अब तक 40 लोगों की मौत

8 नवंबर को केंद्र सरकार के नोटबंदी के फैसले के बाद भारत में घटनाओं का दौर शुरू हो गया है, मीडिया रिपोर्ट्स की माने तो देशभर में अब तक 40 लोगों की मौत हो गई है। इनमें आत्महत्या, लंबी कतार में लगने के चलते हार्ट अटैक, अस्पताल में मौत और हत्या जैसी घटनाएं शामिल हैं।

नोटबंदी के बाद देश की जनता परेशानी का सामना कर रहे है। एक हजार और पांच सौ रुपये वापस लेने के बाद से देश में नकदी की भयंकर मारामारी है। इस बात को नकारा नहीं जा सकता की बड़े नोटों के बंद होने का सीधा प्रभाव  मध्यमवर्ग और गरीब तबकों पर पड़ा है। उनके लिए भारत सरकार का फैसला जीवन-मरण का सबब बन गया है।

रिपोर्ट्स के मुताबिक मोदी के नोटबंदी के ऐलान के बाद एक सप्ताह के अंदर ही यूपी में सात लोगों की हार्ट अटैक के चलते मौत हुई और दो लोगों ने आत्महत्या कर ली है। असम, मध्य प्रदेश, झारखंड व गुजरात में तीन-तीन और बिहार, तेलंगाना, मुंबई, केरल व कर्नाटक में दो-दो लोगों की मौत की खबर है। ओडिशा, आंध्र प्रदेश, दिल्ली, छत्तीसगढ़, राजस्थान और पश्चिम बंगाल में सात लोगों की मौत नोटबंदी के बाद विभिन्न घटनाओं में हुई है।

इसमें कोई दोराय नहीं है कि आतंकवाद और कालाधन की समस्या के खिलाफ केंद्र सरकार द्वारा उठाया गया कदम अब लोगों को रास नहीं आ रहा है। जो अब तक मोदी सरकार का समर्थन करते थे वे भी आज सरकार की आलोचना कर रहे है। यहां पर बड़ा सवाल ये उठता है कि आखिर इन मौतों का कौन है जिम्मेदार?