केरल में मुख्यमंत्री ने किया नोटबंदी के खिलाफ धरना प्रदर्शन का नेतृत्व

केरल में मुख्यमंत्री पिनारई विजयन ने नोटबंदी के खिलाफ भारतीय रिजर्व बैंक (आरबीआई) के समक्ष धरना प्रदर्शन का नेतृत्व किया...

केरल में मुख्यमंत्री ने किया नोटबंदी के खिलाफ धरना प्रदर्शन का नेतृत्व

नोटबंदी के खिलाफ केरल के मुख्यमंत्री पिनाराई विजयन अपने कैबिनेट सहयोगियों के साथ आरबीआइ कार्यालय के समक्ष धरने पर बैठ गए।

केरल में सहकारी बैंकिंग क्षेत्र की त्रिस्तरीय प्रणाली है। यहां करीब 1,600 प्राथमिक सहकारी बैंक 14 जिला बैंकों से जुड़े हैं। जिले के बैंक शीर्ष केरल राज्य सहकारी बैंक (केएससीबी) से जुड़े हुए हैं। विजयन ने कहा कि वह और उनके वित्त मंत्री थामस इस्साक ने स्थिति की जानकारी वित्त मंत्री अरुण जेटली को दी, हमें लगता हैं कि उन्हें हमारी बात समझ में आई है।

उन्होंने कहा कि लेकिन, जैसे ही यह बात सामने आई, राज्य में भाजपा ने शोर मचाना शुरू कर दिया कि ये बैंक कालेधन से भरे हुए हैं। इसके बाद रिजर्व बैंक ने इन सहकारी बैंकों को दी सुविधा वापस ले ली। यह और कुछ नहीं बल्कि बहुत गहरी साजिश है।पूर्व मुख्यमंत्री ओमन चांडी ने केरल सरकार के विरोध प्रदर्शन का स्वागत किया है।

चांडी ने कहा, "हम सहकारी बैंकों के संरक्षण के लिए उठाए गए किसी भी कदम का सहयोग करेंगे। हम इस मुद्दे पर उनके साथ हैं। "भाजपा का कहना है कि प्राथमिक समितियां जमा राशि स्वीकार करते समय आरबीआई के दिशा निदेर्शो का पालन नहीं करतीं। मार्क्‍सवादी कम्युनिस्ट पार्टी के महासचिव, येचुरी ने केरल के लोगों और सरकार द्वारा इस तरह के विरोध प्रदर्शन के लिए सराहना की।

मुख्यमंत्री विजयन मंत्रियों के साथ शहीद स्तंभ से आरबीआइ के क्षेत्रीय कार्यालय तक पैदल मार्च भी किया। धरने के बाद सीएम ने मंत्रियों के साथ बैठक कर मौजूदा हालात पर चर्चा भी की। राज्य सरकार ने इस मसले पर 21 नवंबर को सर्वदलीय बैठक बुलाने का फैसला किया है।