गृह मंत्रालय ने दी हिदायत, जम्मू-कश्मीर के सभी बैंकों की हाे सुरक्षा की समीक्षा

केंद्रीय गृह मंत्रालय ने जम्मू-कश्मीर पुलिस को हिदायत दी है कि वो जम्मू-कश्मीर के सभी बैंकों की सुरक्षा की समीक्षा करें ताकि आतंकी वहां लूटपाट नहीं कर सके और नए नोट न लूट सकें।

गृह मंत्रालय ने दी हिदायत, जम्मू-कश्मीर के सभी बैंकों की हाे सुरक्षा की समीक्षा

केंद्रीय गृह मंत्रालय ने जम्मू-कश्मीर पुलिस को हिदायत दी है कि वो जम्मू-कश्मीर के सभी बैंकों की सुरक्षा की समीक्षा करें ताकि आतंकी वहां लूटपाट नहीं कर सके और नए नोट न लूट सकें। ये अहम इसलिए है, क्‍योंकि बीते सोमवार को बड़गाम ज़िले में आतंकियों ने जम्मू-कश्मीर का एक बैंक लूटा था। केंद्र गृह मंत्रालय के एक वरिष्‍ठ अधिकारी ने मीडिया को बताया कि 'बैंक से आतंकियाें ने 12 लाख रुपये लूटे। जिसमें  11 लाख पुराने 500 और 1000 रुपये के नोट थे और एक लाख रुपये के नए नोट भी थे।'

उनके मुताबिक़, ये जम्मू-कश्मीर बैंक की बहुत छोटी शाखा है। इस बैंक में एक कैशियर और एक सुरक्षा गार्ड या फिर कहे चौकीदार तैनात था। जब गार्ड नहीं था तब आतंकियों ने हमला किया और नोट लूटकर चले गए। वैसे घाटी के ज़्यादातर बैंकों में निजी सुरक्षाकर्मी तैनात हैं। सिर्फ़ बड़े बैंक्स को ही पुलिस सुरक्षा दी गई है, लेकिन इस वारदात के बाद अब केंद्रीय गृह मंत्रालय ने एडवाइजरी जारी की है।

केंद्रीय गृह सचिव राजीव महर्षि ने मीडिया से कहा कि "सुरक्षा ऑडिट कर, जहां ज़रूरत हो, वहां सुरक्षा देने को कहा गया है।" गृह मंत्रालय के मुताबिक़, कैश वैन को भी सुरक्षित और उनकी आवाजाही के लिए सुरक्षा इंतज़ाम करने को कहा गया है। वहीं पर बीते मंगलवार को बांदीपोरा में दो मारे गए आतंकवादियों से 2000 रुपये के नए नोट भी बरामद हुए।

राज्य पुलिस के एक सीनियर अफ़सर ने मीडिया को बताया कि "नए नोट सर्कुलेशन में हैं, इसीलिए कोई हैरानी की बात नहीं कि आतंकियों के पास नए नोट पहुंच गए।" उनके मुताबिक़ गृह मंत्रालय की एडवाइजरी के बाद बैंक की सुरक्षा का रिव्यू किया जा रहा है।

जहां तक बड़गाम में बैंक लूटने का मामला है, उनके मुताबिक़ सीसीटीवी के ज़रिए आतंकियों की पहचान की जा रही है। वैसे, नोटबंदी के बाद बड़गाम पहला बैंक है जहां आतंकियों ने लूट की घटना को अंजाम दिया। हालांकि नोटबंदी से पहले भी घाटी में दो बैंक लूटे जा चुके थे।