बीमार बच्ची को लेकर बैंक की लाइन में खड़े परिजन, पिता की गोद में बच्ची की मौत

बीमार बच्ची को लेकर बैंक से पैसा निकालने के लिए लाइन में खड़े रहे परिजन, पैसा नहीं मिलने पर बैंक में ही हुई बच्ची की मौत ।

बीमार बच्ची को लेकर बैंक की लाइन में खड़े परिजन, पिता की गोद में बच्ची की मौत

बैंक से पैसे नहीं मि‍लने से इलाज के अभाव में 3 साल की बच्‍ची की मौत का मामला सामने आया है। बीते सोमवार शाम हुई इस घटना से गुस्साए ग्रामीणों ने बांदा-बहराइच राज्यमार्ग पर जाम लगा कर जोरदार प्रदर्शन किया। सूचना मिलने पर एसडीएम मौके पर पहुंचे और काफी समझाने के बाद जाम खुलवाया। जांच के बाद देर शाम एसडीएम के आदेश पर बैंककर्मियों के खिलाफ गैरइरादतन हत्या (304 A) का केस दर्ज हुआ।

मामला बांदा जि‍ले के तिंदवारी थाना क्षेत्र के बेंदा का है। धर्मेंद्र की 3 साल की बेटी अंकिता की तबीयत खराब थी, लेकिन बैंक से पैसा नहीं निकलने से बच्ची का इलाज समय पर नहीं हो पाया और बच्ची की मौत हो गई।

वहां, इलाहाबाद यूपी ग्रामीण बैंक की ब्रांच में पिछले कई दिन से वह अपने पैसे निकालने के लिए बैंक के चक्कर लगा रहा था, लेकिन उसे टोकन नहीं मि‍ला। मिली जानकारी के मुताबिक, सोमवार सुबह से ही धर्मेंद्र ने अपने पिता के साथ अपनी पत्नी मिथलेश को भी बैंक की लाइन में लगा दिया था, लेकिन शाम तक उनका नंबर नहीं आया।

धर्मेंद्र का कहना है कि कई बार बैंककर्मियों से बच्ची की गंभीर हालत के बारे में बताकर जल्दी पैसा देने को भी कहा गया, लेकिन उसकी किसी ने एक नहीं सुनी। इलाज नहीं मि‍लने से सोमवार शाम 4 बजे मिथलेश की गोद में ही बीमार बच्ची अंकिता की मौत हो गई।

वहीं, इस संबंध में एसडीएम प्रहलाद सिंह का कहना है कि बच्ची कई दिन से बीमार थी। उसके इलाज के लिए पीड़ित परिवार के लोग बैंक में लाइन लगाए थे, लेकि‍न उन्‍हें समय पर बैंक से पैसा नहीं मिल सका जिससे बच्ची की मौत हुई है।

जांच के बाद प्रथम दृष्टया बैंक के फील्ड ऑफिसर, कैशियर और क्लर्क के खिलाफ पीड़ित की तहरीर पर धारा 304ए के तहत केस दर्ज कराया गया है।