आर्थिक गतिविधियों पर नोटबंदी से बुरा प्रभाव: मूडीज

मूडीज ने कहा नोटबंदी से आर्थिक गतिविधियों पर पड़ेगा बुरा असर, दीर्घावधि में दिखेंगे इसके सकारात्‍मक परिणाम...

आर्थिक गतिविधियों पर नोटबंदी से बुरा प्रभाव: मूडीज

मूडीज इन्वेस्टर सर्विस की एक रिपोर्ट के मुताबिक, नोटबंदी से आर्थिक गतिविधियां बुरी तरह प्रभावित होंगी और इससे निकट भविष्य में वृद्धि कमजोर पड़ेगी। हालांकि, दीर्घावधि में इससे कर राजस्व बढ़ेगा और यह तेजी से राजकोषीय मजबूती में तब्दील होगा।

बता दें,  मूडीज  की  ‘नोटबंदी भारत सरकार और बैंकों के लिए लाभदायक-क्रियान्वयन की चुनौतियों से आर्थिक गतिविधियां होंगी प्रभावित’  रिपोर्ट में कहा गया है कि पुराने 500 और 1,000 के नोट बंद करने के फैसले से सभी क्षेत्र बुरी तरह प्रभावित होंगे. इससे मुख्य फायदा सिर्फ बैंकों को होगा।

मूडीज कॉरपोरेट फाइनेंस समूह की प्रबंध निदेशक लॉरा एकरेज ने कहा कि कंपनियों की आर्थिक गतिविधियां घटेंगी।उनका बिक्री और नकदी प्रवाह प्रभावित होगा। इसका सीधा असर बिक्री से जुड़ी कंपनियाे पर होगी।

वहीं, मीडिया से बात करते हुए मूडीज ग्रुप की सहायक प्रबंध निदेशक मैरी डिरोन ने कहा, ‘‘हालांकि निकट भविष्य में इन उपायों से जीडीपी की वृद्धि दर पर दबाव पड़ेगा और इससे सरकार का राजस्व प्रभावित होगा। दीर्घावधि में इससे कर राजस्व बढ़ाने में मदद मिलेगी और यह सरकार के ऊंचे पूंजीगत खर्च में तब्दील होगा और राजकोषीय मजबूती तेजी से आगे बढ़ सकेगी।’ मूडीज ने कहा कि बेहिसाब धन रखने वाले लोगों और कंपनियों को संपत्ति का नुकसान होगा।