पीएम मोदी कर रहे हैं मार्क्स का एजेंडा पूरा: उमा भारती

उमा भारती ने नोटबंदी का समर्थन करते हुए कहा कि पीएम नरेंद्र मोदी ने कालेधन पर कार्रवाई करके कार्ल मार्क्स, राममनोहर लोहिया और कांशी राम का एजेंडा पूरा कर रहे हैं।

पीएम मोदी कर रहे हैं मार्क्स का एजेंडा पूरा: उमा भारती

केंद्रीय मंत्री उमा भारती ने नोटबंदी का समर्थन करते हुए कहा कि पीएम नरेंद्र मोदी ने कालेधन पर कार्रवाई करके कार्ल मार्क्स, राममनोहर लोहिया और कांशी राम का एजेंडा पूरा कर रहे हैं। सूत्राें से मिल रही जानकारी के मुताबिक उमा भारती ने मीडिया काे इंटरव्यू देते हुए कहा कि, “ये मार्क्सवादियों का एजेंडा है जो पीएम लागू कर रहे हैं। जो कभी लोहिया ने कहा, कभी कांशी राम ने कहा। बल्कि सही में मार्क ने जो कहा है, प्रधानमंत्री वही लागू कर रहे हैं।”  भारती ने पीएम को ऐसा महानायक भी बताया जिसकी भारत को इस वक्त जरूरत थी। प्रधानमंत्री ने काले धन के खिलाफ नोटबंदी का कदम उठाकर कार्ल मार्क्स की ही विचारधारा को आगे बढ़ाया है, इसलिए दुनिया के सभी वामपंथियों को उनका अभिनंदन करना चाहिए।

भारती से सवाल करते हुए मीडिया ने पूछा कि पीएम मोदी कार्ल मार्क्स का एजेंडा कैसे लागू कर रहे हैं तो उन्होंने कहा, “मार्क्स ने कहा है कि समाज में समानता होनी चाहिए। असमानता नहीं होना चाहिए। अगर एक आदमी के पास 12 कमरे वाला मकान है और कहीं 12 लोग एक ही कमरे में रह रहे हैं तो ऐसी असमानता स्वीकार्य नहीं है।” भारती ने मीडिया से आगे कहा कि पीएम मोदी भी जन धन योजना, मुद्रा योजना और कालेधन पर कार्रवाई करके इस तरह की असमानता को दूर करने में लगे हैं। भारती ने बताया कि, “मैं तो मानती हूं कि पूरी दुनिया के वामपंथियों को मोदीजी का अभिनंदन करना चाहिए।”

इंटरव्यू में उमा भारती ने पीएम मोदी की जमकर तारीफ की। भारती ने कहा कि पीएम मोदी ने भारतीय राजनीति में विकास को एजेंडा बनाया है और तकनीकी का उपयोग गरीबों की भलाई के लिए करना शुरू किया है। भारती ने कहा, “…एक व्यक्ति के रूप में महानायक हैं मोदीजी। बल्कि मैं तो ये कहूंगी कि एक योगी है जो महानायक के रूप में बदल गया है। भारत को इस समय इसी व्यक्ति की जरूरत थी।” भाती ने तीन तलाक के मुद्दे पर भी पीएम मोदी से सहमति जताते हुए कहा, “मैं प्रधानमंत्रीजी से सहमत हूं। ये चिंतक वर्ग का विषय है…उन्हें विचार करना चाहिए।”

भारती ने कहा कि बाजार एक सच्चाई है जिसे नकारा नहीं जा सकता लेकिन ये सुनिश्चित किया जा सकता है कि इसका फायदा समाज के केवल 15 प्रतिशत लोगों को न मिले। बाकी 85 प्रतिशत को भी इसका लाभ मिले। उमा भारती ने यूपी का मुख्यमंत्री पेश किए जाने पर जवाब देने से इनकार कर दिया। उन्होंने कहा कि “मुझे गंगा के अलावा कुछ नहीं सूझता। गंगा को अविरल और निर्मल होना चाहिए। इसके अलावा मेरी कोई महत्वाकांक्षा नहीं है।