राजधानी एक्सप्रेस के टॉयलेट में ठूंसे मिले नोटों के बंडल

नई दिल्ली से भुवनेश्वर जा रही राजधानी एक्सप्रेस के एक कोच के टॉयलेट में नोटों के बंडल ठूंसे हुए मिले।

राजधानी एक्सप्रेस के टॉयलेट में ठूंसे मिले नोटों के बंडल

(अमितेश कुमार ओझा)

नई दिल्ली से भुवनेश्वर जा रही राजधानी एक्सप्रेस के एक कोच के टॉयलेट में नोटों के बंडल ठूंसे हुए मिले। हालांकि, जैविक टॉयलट होने से उसे खोल कर बंडल निकाले नहीं जा सके। ये वाकया पश्चिम बंगाल के खड़गपुर स्टेशन का है।

जानकारी के मुताबिक बीते बुधवार की दोपहर ट्रेन के खड़गपुर पहुंचने से पहले ही रेल महकमे में यह सूचना आ गई थी कि ट्रेन के बी-6 कोच के टॉयलेट में एक हजार और पांच सौ के पुराने नोटों के बंडल ठूंसे हुए हैं। सूचना मिलने पर रेलवे अधिकारी मौके पर गए। लेकिन जैविक टॉयलेट होने से बंडलों को निकाला नहीं जा सका। इससे पहले कि महकमे के अधिकारी कुछ समझ पाते, ट्रेन स्टेशन से रवाना हो गई। इससे यह स्पष्ट नहीं हो सका कि उक्त कोच के टॉयलेट में कितने रुपए मिले।

बताया जाता है कि राजधानी एक्सप्रेस जैसी ट्रेनों में जैविक टॉयलट होते हैं, जिसे खोलने का विकल्प ट्रेन के चालक के पास ही होता है। ऐसी ट्रेनें गंतव्य तक पहुंचने के बाद ही उसके टॉयलेट को खोला जा सकता है। लिहाजा रेल महकमे के अधिकारी चाह कर भी कुछ नहीं कर सके। इससे यह रहस्य बना ही रहा कि ट्रेन के टॉयलट में नोटों के बंडल किसने छिपाए। आशंका यही जताई गई कि पुराने नोटों से छुटकारा पाने के लिए ही किसी यात्री ने उसे कोच के टॉयलेट में डाल दिया।

इस मुद्दे पर महकमे के अधिकारी कुछ कहने से कतराते रहे। ज्यादातर जिम्मेदार अधिकारी यही कहते रहे कि बाहर निरीक्षण पर होने से वे मौके पर नहीं जा सके। अलबत्ता यह स्वीकार किया कि राजधानी एक्सप्रेस के कोच के टॉयलेट में नोटों के बंडल मिलने की सूचना मिली थी। उन्होंने अपने स्तर पर मामले की पड़ताल भी कराई। लेकिन किसी ठोस निष्कर्ष पर नहीं पहुंचा जा सका।