झारखंड कोयला खदान हादसा: 7 के शव बरामद, 50 मजदूरों के दबने की आशंका

झारखंड में कोयला खदान धंसने से अभी तक सात शव बरामद, करीब 50 मजदूरों के दबने की आशंका जताई जा रही है। राहत व बचाव कार्य जारी।

झारखंड कोयला खदान हादसा: 7 के शव बरामद, 50 मजदूरों के दबने की आशंका

झारखंड के गोड्डा जिले में कोयला खदान धसने के कारण 35 डंपर गाड़ियों और उसमें सवार 40 से 50 मजदूरों के दबे होने की आशंका है। अभी तक सात के शव निकाल लिए गए हैं। खदान में फंसे इन मजदूरों को निकालने की कोशिशें जारी है और मदद के लिए पटना से एनडीआरएफ की टीम भी घटना स्थल पर मौजूद है।

सीआईएसएफ का कहना है कि बचाव कार्यों में मदद के लिए शीतलपुर स्थित ईसीएल मुख्यालय से अतिरिक्त पुलिसकर्मी घटना स्थल पर पहुंच चुके हैं। बचाव कार्य जारी है, लेकिन बिजली आपूर्ति बाधित होने से खदान के अंदर राहत कार्यों में थोड़ी दिक्कत आ रही है।

गौरतलब है कि ईस्टर्न कोलफील्ड लिमिटेड की राजमहल परियोजना में महालक्ष्मी आउटसोर्सिंग कंपनी के कर्मी रात में माइनिंग का काम कर रहे थे। खदान में 200 फीट तक डीप माइनिंग चल रही थी, तभी पूरा मलबा ढह गया। इस वजह से खदान के अंदर जाने का रास्ता पूरी तरह बंद हो गया और करीब 40 से ज्यादा मजदूर अंदर ही फंस गए।

चश्मदीदों के मुताबिक, घटना के समय खदान ऊपरी सदह पर ही काम हो रहा था, तभी अचानक हाई वॉल धस गया। उन्होंने साथ ही बताया कि मिट्टी में दबे अधिकतर लोग ठेका मजदूर हैं। चश्मदीदों का कहना है कि ओपनकास्ट की इस परियोजना में मिट्टी धंसने से 35 से ज्यादा डंपर और 4 पे-लोडर दब गए।

वहीं मुख्यमंत्री रघुवर दास हालात पर करीबी नजर बनाए हुए हैं और अधिकारियों से राहत कार्य में तेजी लाने को कहा है।