नीतीश-लालू में कई मुद्दों पर मतभेद उभर कर सामने आए: चिराग

लोजपा सांसद चिराग पासवान का बयान, कहा- 'नोटबंदी पर बिहार सरकार का रूख स्पष्ट करें नीतीश कुमार'

नीतीश-लालू में कई मुद्दों पर मतभेद उभर कर सामने आए: चिराग

मोदी सरकार के नोटबंदी के फैसले को भ्रष्टाचार, कालाधन और आतंकवाद के खिलाफ जंग करार देते हुए लोजपा संसदीय बोर्ड के अध्यक्ष एवं सांसद चिराग पासवान ने कहा कि लालू प्रसाद की RJD और राहुल गांधी की कांग्रेस नोटबंदी का विरोध कर रही है, ऐसे में इस कदम का समर्थन करने वाले बिहार के मुख्यमंत्री नीतीश कुमार को राज्य सरकार का रूख स्पष्ट करना चाहिए। जहां एक ओर नीतीश कुमार नोटबंदी का समर्थन कर रहे हैं, वहीं दूसरी तरफ उन्हीं की पार्टी के वरिष्ठ नेता शरद यादव इसका विरोध कर रहे हैं।

नीतीश कुमार के बीजेपी के करीब आने और राजग में शामिल होने की अटकलों के बारे में चिराग ने कहा नीतीश जी राजग गठबंधन के पुराने साथी रहे हैं। ऐसे समान विचारधारा वाले लोग अगर राजग में आते हैं तो इससे राजग को ही मजबूती मिलेगी। इस बारे में निर्णय जदयू और भाजपा को लेना है। भाजपा जो भी निर्णय लेगी, हम उसका स्वागत करेंगे।

बिहार में जदयू, राजद और कांग्रेस महागठबंधन की सरकार के बारे में चिराग पासवान ने कहा कि बिहार विधानसभा चुनाव के नतीजे आने के बाद ही हमारे अध्यक्ष रामविलास पासवान ने कहा था कि यह सरकार दो...ढाई साल से अधिक नहीं चल पाएगी। अब एक साल का प्रदेश की महागठबंधन सरकार का कामकाज देखने के बाद यह स्पष्ट है कि नीतीश और लालू में कई मुद्दों पर मतभेद उभर कर सामने आए हैं।

पीएम मोदी के बड़े नोटों को अमान्य करने के फैसले को क्रांतिकारी करार देते हुए जमुई से सांसद ने कहा कि नोटबंदी पर बिहार में महागठबंधन सरकार में इस मामले में एकराय नहीं है। नोटबंदी एक बहुत बड़ा फैसला है और इतने बड़े नीतिगत फैसले पर अगर जदयू, राजद और कांग्रेस में एक राय नहीं बनती है, तो छोटे-छोटे फैसलों पर एकराय कैसे बनेगी ।

चिराग पासवान ने कहा कि कांग्रेस संसद में नोटबंदी का विरोध कर रही है जबकि बिहार में नोटबंदी का समर्थन करने वाले जदयू के साथ सरकार में हिस्सेदार है।