सपा में नहीं है कोई घमासान, अखिलेश होंगे आने वाले 10 साल में सबसे बड़े नेता

सपा नेता राम गोपाल यादव का कहना है कि सपा में कोई घमासान नहीं है। ये संगठन सबसे बड़ा है साथ ही उन्होंने कहा कि पार्टी में सबकी अपनी एक अलग जगह है...

सपा में नहीं है कोई घमासान, अखिलेश होंगे आने वाले 10 साल में सबसे बड़े नेता

सपा में होने वाले घमालान से कोई अंजान नहीं है। सपा में हो रही आपसी कलह को पार्टी के लोग कितना भी छुपाना चाहे नहीं छुपा सकते हाल ही में सपा का घमासान चुनावी उम्मीदवारों की सूची को लेकर देखने को मिला। जिसमें अखिलेश और उनके चाचा शिवपाल यादव आमने-सामने हुए। सपा में छिड़ी तकरार के बीच सपा नेता राम गोपाल यादव का कहना है कि सपा में कोई घमासान नहीं है। ये संगठन सबसे बड़ा है साथ ही उन्होंने कहा कि पार्टी में सबकी अपनी एक अलग जगह है। अखिलेश यादव की भूमिका मुख्यमंत्री की ही रहेगी। रामगोपाल ने दावा किया कि अखिलेश आने वाले दस सालों में देश के सबसे बड़े नेता बन कर उभरेंगे।

बता दें कि रामगोपाल का कहना है कि हम तो अब अखिलेश यादव की राह में कोई रोड़ा नहीं आने देंगे। वह जिस तेजी से आगे बढ़ रहे हैं, और देश को आगे बढ़ा रहे हैं। उनसे देश के शीर्ष नेता का ताज दूर नहीं है। पार्टी में टिकट वितरण पर रार के बारे में राम गोपाल ने कहा कि संगठन सबसे बड़ा है, जिनके टिकट कटे हैं, भविष्य में वो भी चुनाव लड़ सकेंगे।

साथ ही उन्होंने कहा कि 2012 में समाजवादी पार्टी के चुनाव घोषणा पत्र में मेट्रो और लखनऊ-आगरा एक्सप्रेसवे नहीं था। इसके साथ ही उनका तैयार किया लैपटॉप वितरण प्लान उस चुनाव में गेम चेंजर बन गया।

गौरतलब है कि सपा में शह मात का खेल जारी है। यहां सियासी शतरंज पर राज्य के मुख्यमंत्री अखिलेश यादव बड़ा दांव खेल रहे हैं। अपने कई करीबियों के टिकट काटे जाने से नाराज अखिलेश यादव ने 235 उम्मीदवारों की एक नई लिस्ट जारी कर दी है, जिनमें मंत्री अरविंद सिंह गोप, पवन पांडे, राम गोविंद चौधरी का नाम हैं। ये उन लोगों के नाम हैं जिनके टिकट मुलायम सिंह यादव ने काट दिए थे हालांकि अखिलेश यादव की ओर से अभी इस लिस्ट की पुष्टि नहीं की गई है और न ही इस पर उन्होंने दस्तखत किए हैं। इसके तुरंत बाद मुलायम ने 68 उम्मीदवारों की दूसरी लिस्ट भी जारी कर दी है। इस लिस्ट में भी अखिलेश के कुछ समर्थकों का टिकट काट दिया गया है।