क्यूबा के राष्ट्रपति ने किया फिदेल कास्त्रो के नाम पर स्मारक बनाने से इंकार

राउल कास्त्रो ने पूर्वी शहर सैंटियागो में फिदेल कास्त्रो को श्रद्धांजलि देने के लिये जमा लोगों को संबोधित करते हुये कहा कि फिदेल कास्त्रो के नाम पर कोई स्मारक नहीं बनेगा...

क्यूबा के राष्ट्रपति ने किया फिदेल कास्त्रो के नाम पर स्मारक बनाने से इंकार

क्यूबा के राष्ट्रपति राउल कास्त्रो का कहना है कि भाई फिदेल कास्त्रो अपने लिए ऐसी कोई परंपरा नहीं चाहते थे। जिसमें उनके नाम से सड़कों और सार्वजनिक स्मारकों का नाम रखा जाए। फिदेल के छोटे भाई राउल कास्त्रो ने पूर्वी शहर सैंटियागो में फिदेल कास्त्रो को श्रद्धांजलि देने के लिये जमा लोगों को संबोधित करते हुये कहा कि दिवंगत नेता की इस इच्छा को पूरा करने के लिए नेशनल असेंबली अगले सत्र में एक कानून पारित करेगी।

उन्होंने बताया कि उनके बड़े भाई का कहना था कि उनकी मौत के बाद उनके नाम का इस्तेमाल किसी सड़क, स्मारक, संस्थान, पार्क या कोई भी  सार्वजनिक जगह बनाने में ना किया जाए। साथ ही उनकी आवक्ष प्रतिमायें अथवा मूर्तियां या उन्हें श्रद्धांजलि देने के नाम पर अन्य स्मारक भी न बनाए जाएं।

गौरतलब है कि क्यूबा के क्रांतिकारी नेता फिदेल कास्त्रो का 25 नवंबर को 90 साल की उम्र में निधन हो गया। जब वह राष्ट्रपति थे तब भी उन्होंने किसी सार्वजनिक स्थान या इमारत का नाम अपने नाम पर रखना पसंद नहीं किया क्योंकि वह इसके खिलाफ थे। हालांकि उनके क्रांतिकारी साथी और विद्रोही कैमिलो सीनफ्यूगस और अर्नेस्टो ‘चे’ ग्वेरा की तस्वीरें उनकी मौत के दशकों बाद भी पूरे क्यूबा में नजर आती हैं।

वहीं राउल कास्त्रो फिदेल को श्रद्धांजलि देने और उनके सम्मान में नौ दिन चलने वाले समारोह के समापन अवसर पर आयोजित दूसरी विशाल रैली में बोल रहे थे। कास्त्रों की अस्थियां सैंटियागो पहुंची जिसके बाद हवाना के प्लाजा ऑफ द रिवोल्यूशन में शुरू हुई उनकी पूरे क्यूबा की चार दिवसीय अंतिम यात्रा खत्म हो गई। बड़ी संख्या में लोगों ने अपने नेता को अंतिम विदाई दी।