दक्षिण कोरिया: राष्ट्रपति के खिलाफ महाभियोग प्रस्ताव पारित

संसद में भ्रष्टाचार के आरोपों में घिरी राष्ट्रपति पार्क ग्यून हेई के खिलाफ महाभियोग प्रस्ताव पारित किया गया ।

दक्षिण कोरिया: राष्ट्रपति के खिलाफ महाभियोग प्रस्ताव पारित

दक्षिण कोरिया की संसद में बीते शुक्रवार को भ्रष्टाचार के आरोपों में घिरी राष्ट्रपति पार्क ग्यून हेई के खिलाफ महाभियोग प्रस्ताव पारित किया गया है, जिसके बाद पार्क से सारी शक्तियां छिन गई है। पार्क की जगह पर प्रधानमंत्री ही देश के मुखिया होंगे और वही राष्ट्रपति का काम भी देखेंगे। हालांकि वह अभी भी अपने पद पर बनी रहेंगी।

दक्षिण कोरिया की संवैधानिक कोर्ट के पास महाभियोग प्रस्ताव पर कार्रवाई के लिए 6 महीने का समय है। संसद में महाभियोग प्रस्ताव के पक्ष में 234 सांसदो ने वोट डाला तो वहीं पार्क के पक्ष में कुल 56 वोट ही डाले गए। पिछले कुछ समय से लगातार देशभर में पार्क को हटाने को लेकर प्रदर्शन चल रहा था, जिसके चलते पार्क को हटाने का फैसला लिया गया।

अगर पार्क को बर्खास्त किया जाता है तो वह दक्षिण कोरिया की पहली राष्ट्रपति होंगी जो अपना पांच साल का कार्यकाल पूरा नहीं कर पाएंगी, वैसे उनका कार्यकाल फरवरी 2018 में पूरा होना था। गौरतलब है कि पार्क दक्षिण कोरिया के सैन्य शासक रहे चुंग ही की बेटी है, जिन्होंने 1960 और 1970 में देश पर शासन किया था।

गौरतलब है कि दक्षिण कोरिया की राष्ट्रपति पार्क ग्यून हाय के ऑफिस से 360 वियाग्रा की गोलियां मिलने का मामला प्रकाश में आया था। पार्क ग्यून पर पहले से ही भ्रष्टाचार के आरोप लगे थे। ऐसे में उनके कार्यालय से वियाग्रा की गोलियां मिलने से वह विपक्ष के निशाने पर आ गई थी।

राष्ट्रपति कार्यालय की ओर से इस मामले में सफाई देते हुए कहा गया कि ये गोलियां मैडम प्रेसिडेंट और उनके स्टाफ के लिए मंगवाई गई थीं। राष्ट्रपति कार्यालय के अनुसार, ऊंचाई से होने वाली बीमारी से बचाव के लिए ये वियाग्रा खरीदी गई थीं।