टीईटी पास टीचरों के लिए हाईकोर्ट जाएगी उत्तराखंड सरकार

उत्तराखंड सरकार बगैर टीईटी पास सहायक अध्यापकों के पक्ष में खड़ी हो गई है...

टीईटी पास टीचरों के लिए हाईकोर्ट जाएगी उत्तराखंड सरकार

टीईटी पास सहायक अध्यापकों का साथ देने के लिए उत्तराखंड सरकार उनके पक्ष में खड़ी हो गई है। वहीं सरकार हाईकोर्ट के फैसले के खिलाफ डबल बेंच में याचिका दाखिल करने जा रही है। उन्हें इसकी अनुमति न्याय विभाग से मिल गई है। वहीं टीचरों की तरफ से भी एक याचिका दाखिल की जा रही है।

बता दें कि प्रदेश में वर्ष 2015 में 3652 शिक्षा मित्रों को सहायक अध्यापक के रूप में नियुक्ति दी गई थी। इन्हें पहाड़ के दुर्गम और अति दुर्गम स्कूलों में भेजा गया, इसमें से 1080 टीचर टीईटी पास कर चुके हैं जबकि 2572 बगैर टीईटी हैं।

हालांकि हाईकोर्ट ने अपने एक फैसले में बगैर टीईटी पास शिक्षा मित्रों को सहायक अध्यापक के पद से हटाए जाने का आदेश दिया है। हाईकोर्ट के हाल ही में किए गए इस आदेश से टीचरों में खलबली है। जो अपने भविष्य को लेकर असमंजस में है।

उत्तराखंड शिक्षा मित्र महासंघ के प्रदेश अध्यक्ष ललित द्विवेदी के मुताबिक 1278 शिक्षा मित्र बीटीसी और 2374 ने इग्नू से डीएलएड किया है।

ये अध्यापक शिक्षा मित्र के रूप में 2003 से स्कूलों में बच्चों को पढ़ाते आ रहे हैं। आरटीई लागू होने से पहले से स्कूलों में बच्चों को पढ़ा रहे हैं। उन्हें हटाए जाने के फैसले के खिलाफ संगठन हाईकोर्ट की डबल बेंच में याचिका दाखिल करने जा रहा है। संगठन की ओर से अगले हफ्ते तक याचिका दाखिल कर दी जाएगी।

बगैर टीईटी पास सहायक अध्यापकों को हटाने के हाईकोर्ट के फैसले को हम चुनौती देने जा रहे हैं। न्याय विभाग से इसकी अनुमति मिल चुकी है।