रामदेव के बिस्किट मैन्युफेक्चर पर ढाई लाख रुपए का जुर्माना

पतंजलि आयुर्वेद कंपनी के बिस्किट पैकेट में वजन कम निकलने पर कंज्यूमर ने नापतौल विभाग को शिकायत की। आरोप सही पाए जाने पर कंपनी और उसके डायरेक्टर्स पर ढाई लाख का जुर्माना लगाया गया है।

रामदेव के बिस्किट मैन्युफेक्चर पर ढाई लाख रुपए का जुर्माना

बाबा रामदेव की पतंजलि आयुर्वेद कंपनी के बिस्किट पैकेट में वजन कम निकलने का मामला प्रकाश में आया है। कंज्यूमर ने इसकी शिकायत नापतौल विभाग को की। जांच के बाद विभाग ने बिस्किट बनाने वाली कंपनी सोना बिस्किट के खिलाफ जांच की। आरोप सही पाए जाने के बाद कंपनी और उसके डायरेक्टर्स पर ढाई लाख का जुर्माना लगाया गया है। कंपनी ने जुर्माना भर भी दिया है। गौरतलब है कि पतंजलि बिस्किट कोलकाता की एक कंपनी से बनवाती है।

इंदौर के पाटनीपुरा इलाके में रहने वाले निवासी कुलदीप सिंह पंवार ने 9 मार्च 2016 को नापतौल विभाग में शिकायत दर्ज कराई। पंवार का कहना है कि उन्होंने 11 फरवरी 2016 को पतंजलि के एक स्टोर से नारियल बिस्किट के कुछ पैकेट्स खरीदे। हर पैकेट पर 100 ग्राम वजन लिखा था। लेकिन जब उन्होंने दो पैकेट्स इलेक्ट्रानिक मशीन पर तोले तो उनमें वजन कम निकला।

पंवार ने बिल कम होने की शिकायत नापतौल विभाग में की। सबूत के तौर पर बिस्किट के पैकेट भी दिए। नापतौल विभाग के इंस्पेक्टर केएस ठाकुर के अनुसार, एक पैकेट का वजन 92 ग्राम जबकि दूसरे का 86 ग्राम निकला। इसके बाद पतंजली स्टोर और बिस्किट बनाने वाली कंपनी सोना बिस्किट प्राइवेट लिमिटेड को नोटिस जारी किया गया। सुनवाई के बाद स्टोर और सोना कंपनी पर 2 लाख 60 हजार का जुर्माना लगाया गया।

कानून के मुताबिक, पतंजली स्टोर पर 10 हजार, मैन्युफेक्चरर और पैकिंग कंपनी सोना बिस्किट प्राइवेट लिमिटेड कोलकाता पर 50 हजार और उसके 4 डायरेक्टर्स पर 50-50 हजार रुपए का जुर्माना लगाया गया। पतंजलि आयुर्वेदिक ने इस बिस्किट को बनाने और पैकिंग का कांट्रेक्ट सोना बिस्किट को दिया था। हालांकि, पतंजलि पर कोई कार्रवाई नहीं की गई।