बिस्मिल्लाह खान के पोते ने ही चुराई थी उनकी शहनाई

उत्तर प्रदेश स्पेशल टास्क फोर्स (एसटीएफ) ने उस्ताद बिस्मिल्लाह खान की चार बहुमूल्य शहनाइयोंं की चोरी के मामले में उनके पौत्र सहित तीन लोगों को गिरफ्तार किया है। इन्हें चुराकर सुनार को बेच दिया गयी था।

बिस्मिल्लाह खान के पोते ने ही चुराई थी उनकी शहनाई

जिस शख्स ने संगीत में दुनिया भर में नाम कमाया, जिसे भारत रत्न मिला और जिसका कोई सानी नहीं था, उसी का पोता चोर निकला. यूपी पुलिस ने बिस्मिल्लाह खान की शहनाई चुराने के आरोप में उनके ही पोते को गिरफ्तार किया है.

दरअसल, वाराणसी में 5 दिसंबर को उस्ताद विस्मिल्लाह खान के घर से पांच शहनाई चोरी हुई थीं. मामला गंभीर था इसलिए स्पेशल टास्क फोर्स को लगाया गया और उनका पोता नजरे हसन उर्फ शादाब बेनकाब हो गया. शादाब के साथ ज्वेलर शंकर सेठ उसके बेटे सुजीत को भी पकड़ा गया है, जिनकी मदद से चुराई गई शहनाई से चांदी निकाली गई थी. तीनों को लखनऊ से पकड़ा गया है. पुलिस के मुताबिक शादाब ने गलत संगत में पड़ने के बाद पैसे के लिए ऐसा किया.

इसके अलावा एक लकड़ी की शहनाई भी बरामद हुई है, जिसकी चांदी निकाली जा चुकी है। चांदी की शहनाई की बिक्री से मिले चार हजार दो सौ रुपए और एक मोबाइल सेट भी बरामद किया गया है। एसटीएफ वाराणसी के इंस्पेक्टर विपिन राय ने बताया कि नजरे हसन भागने की फिराक में था, तभी उसे एसटीएफ की टीम ने पकड़ लिया।

पूछताछ में नजरे हसन ने स्वीकार किया कि उसने शंकर लाल सेठ के हाथों चांदी की तीनों शहनाइयां 17 हजार रुपए में बेची थीं। बरामद चार हजार दो सौ रुपए उसी धनराशि के हैं। शादाब ने यह भी स्वीकार किया कि कुछ लोगों से लिए गए उधार चुकाने के लिए उसने ये शहनाइयां बेची थीं। शंकर ने भी चांदी की तीन शहनाइयों की चांदी गलाने की बात स्वीकार की है।

पिछले माह उस्ताद बिस्मिल्लाह खान की चांदी की तीन और लकड़ी की चांदी जड़ित शहनाई उनके एक पुत्र के घर से चोरी हो गई थीं। पारिवारिक सूत्रों का कहना है कि उस्ताद को चांदी की तीनों शहनाइयां पूर्व प्रधानमंत्री पीवी नरसिंह राव, पूर्व केंद्रीय मंत्री कपिल सिब्बल और बिहार के पूर्व मुख्यमंत्री लालू प्रसाद यादव ने उपहार में भेंट की थी। लकड़ी की शहनाई तो उस्ताद अपने सिराहने रखकर सोते थे।