राष्ट्रगान के दौरान परवेज रसूल के च्युइंग गम चबाने पर खड़े हुए सवाल

भारतीय स्पीनर परवेज रसूल जाे भारत के लिए पहला टी-20 और दूसरा अंतरराष्ट्रीय मैच खेल रहे बीते कल ग्रीन पार्क स्टेडियम में राष्ट्रगान के दौरान च्युइंग गम चबाते हुए देखे गए और इसके बाद यह आलोचनाओं के घेरे में आ गया।

राष्ट्रगान के दौरान परवेज रसूल के च्युइंग गम चबाने पर खड़े हुए सवाल

भारतीय स्पीनर परवेज रसूल जाे भारत के लिए पहला टी-20 और दूसरा अंतरराष्ट्रीय मैच खेल रहे बीते कल ग्रीन पार्क स्टेडियम में राष्ट्रगान के दौरान च्युइंग गम चबाते हुए देखे गए और इसके बाद यह आलोचनाओं के घेरे में आ गया।

मीडिया रिपाेर्टस के मुताबिक सोशल मीडिया में लोगों ने उन्हें घेर कर ट्राेल करना शुरू कर दिया। वहीं इस मामले काे लेकर लोकेंद्र सिंह ने ट्वीट किया कि ऐसा लग रहा है कि रसूल के लिए राष्ट्रगान से ज्यादा जरूरी च्युइंग गम चबाना है। चिन्मय जावेलकर ने लिखा कि राष्ट्रगान के दौरान आराम से खड़े होकर च्युइंग गम चबाते देखकर दुख हुआ। वह भारत की जर्सी पहन सकते हैं, लेकिन राष्ट्रगान नहीं गा नहीं सकते।

क्षितिज शर्मा ने ट्वीट किया कि भारत की टीम जहां राष्ट्रगान के लिए खड़ी है, वहीं रसूल च्युइंग गम चबा रहे हैं। उम्मीद है बीसीसीआइ और विराट कोहली उन्हें सुप्रीम कोर्ट की गाइडलाइंस और तमीज सिखाएंगे।

आपकाे बतादें कि कश्मीर के बिजबेहाड़ा के रहने वाले रसूल जरगर कश्मीर घाटी के पहले अंतरराष्ट्रीय क्रिकेटर हैं। घरलू क्रिकेट में एक ऑलराउंडर के रूप में स्थापित हो चुके रसूल दायें हाथ से ऑफब्रेक गेंदबाजी के साथ मध्यक्रम में बल्लेबाजी भी करते हैं। 27 साल के रसूल जून, 2014 में बांग्लादेश के खिलाफ वनडे टीम में शामिल किए गए थे।

हांलाकि अपने इकलौते वनडे में उन्होंने दस ओवर में 60 रन देकर दो विकेट हासिल किए थे। इंग्लैंड के साथ वनडे सीरीज से पहले अभ्यास मैच में भी उन्हें शामिल किया गया था। इसमें उन्हें 38 रन देकर तीन खिलाड़ियों को पवेलियन भेजा था। आइपीएल में वह पुणे वॉरियर्स, सनराइजर्स हैदराबाद और रॉयल चैलेंजर्स बेंगलूरके लिए खेल चुके हैं।