डिजिटल भुगतान से मंहगी पड़ रही है घरेलू गैस सिलेंडर की बुकिंग

देश में नोटबंदी के बाद से ही लोग कैश को लेकर काफी परेशान हुए उसके बाद से ही डिजिटल लेनदेन में काफी बढ़ोतरी होनी शुरू हो गई थी। कैश की किल्लत के चलते लोग ऑनलाइन लेनदेन के तरीके अपना रहे हैं ...

डिजिटल भुगतान से मंहगी पड़ रही है घरेलू गैस सिलेंडर की बुकिंग

देश में नोटबंदी के बाद से ही लोग कैश को लेकर काफी परेशान हुए उसके बाद से ही डिजिटल लेनदेन में काफी बढ़ोतरी होनी शुरू हो गई थी। कैश की किल्लत के चलते लोग ऑनलाइन लेनदेन के तरीके अपना रहे हैं लेकिन इसी बीच ऐसी खबरें भी आ रही है कि लोगों को डिजिटल या ऑनलाइन ट्रांस्कैशन्स के लिए ज्यादा कीमत चुकानी पड़ रही है। कैशलेस इकॉनमी को बढ़ावा देने के लिए डिजिटल लेनदेन पर छूट देने की बात की जा रही है लेकिन इसके बावजूद घरेलू गैस सिलेंडर के रीफिल की ऑनलाइन बुकिंग कराना महंगा पड़ रहा है।

मीडिया रिपोर्ट के मुताबिक सिलेंडर की ऑनलाइन बुकिंग कराने पर लोगों को बैंकिंग चार्ज के नाम पर 8 रुपये का अतिरिक्त भुक्तान करना पड़ रहा है। इक्नॉमिक टाइम्स की खबर के मुताबिक उत्तर प्रदेश की राजधानी लखनऊ में ही करीब 50 हजार घरेलू गैस उपभोक्ता सिलेंडर की ऑनलाइन रीफिलिंग कराते हैं। गैस सिलेंडर के रीफिल पर अभी 624 रुपये चुकाने पड़ते हैं। वहीं सिलेंडर के ऑनलाइन भुक्तान पर 5 रुपये की छूट मिलती है। खबरों के मुताबिक यह छूट सब्सिडी में जोड़कर नहीं दी जा रही है।

गौरतलब है कि बैंक उल्टा ऑनलाइन बुकिंग पर 8 रुपये का बैंकिंग चार्ज वसूल रहे हैं। इसके साथ ही अगर रीफिल के रेट घटते-बढ़ते हैं तो ग्राहकों को कीमत में आने वाले बदलावों के हिसाब से भुगतान डिलीवरी के वक्त करना पड़ेगा। वहीं इंडियन ऑइल के ईडी एके वर्मा ने भी माना है कि बैंकिंग चार्ज के रूप में ग्रहाकों से 8 रुपये ज्यादा वसूले जा रहे हैं।