डायनेमिक फेयर से शताब्दी, राजधानी ट्रेनों में खाली जा रही सीटें

प्रीमियम ट्रेनों में ‘डायनेमिक फेयर’ लागू कर ज्यादा कमाने का जुगाड़ घाटे का सौदा सीबित हो रहा है। शताब्दी और राजधानी एक्सप्रेस ट्रेनों में डायनेमिक फेयर लागू किए जाने के बाद से इन सभी गीडियों में बड़ी संख्या में सीटें खाली हैं...

डायनेमिक फेयर से शताब्दी, राजधानी ट्रेनों में खाली जा रही सीटें

प्रीमियम ट्रेनों में ‘डायनेमिक फेयर’ लागू कर ज्यादा कमाने का जुगाड घाटे का सौदा सीबित हो रहा है। शताब्दी और राजधानी एक्सप्रेस ट्रेनों में डायनेमिक फेयर लागू किए जाने के बाद से इन सभी गीड़ियों में बड़ी संख्या में सीटें खाली हैं। आलम ये है कि इसकी वजह से अगले हफ्ते तक कुछ शताब्दी एक्सप्रेस में 50 फीसदी सीटें खाली हैं। वहीं इन्हीं रूटों की अन्य गाडियों में चेयर कार और थर्ड एसी में अगले एक हफ्ते तक प्रतीक्षा सुची चल रही है।

मीडिया रिपोर्ट के मुताबिक शनिवार को नई दिल्ली से चंडीगढ़ जाने वाली शताब्दी एक्सप्रेस में शुक्रवार शाम तक चेयर कार श्रेणी में 406 सीटें खाली रहीं। इस गाड़ी में चेयरकार श्रेणी में कुल 702 सीटें हैं। ऐसे में अगर कुछ और सीटें बुक भी हो जाती हैं तो उसके बाद भी लगभग 70 फीसदी सीटें खाली जाएंगी। ये एक लौती गाड़ी नहीं है जिसकी सीटें खाली जाएंगी। 30 जनवरी को लखनऊ, कानपुर, कालका, देहरादून, अजमेर शताब्दी में सीटें खाली हैं। बता दें कि लखनऊ शताब्दी में (316), कानपुर में (495), कालका में (561), देहरादून में (257) जबकि अजमेर में (430) सीटें खाली हैं। इन सभी शताब्दी ट्रेनों का यही हाल है। डायनेमिक फेयर लागू होने से पहले सामान्य दिनों में शताब्दी ट्रेनों में टिकट मिलना काफी मुश्किल होता था।

खाली सीटें होने के बाद भी नहीं मिला टिकट

नई दिल्ली रेलवे स्टेशन पर पहुंचे हरमीत सिंह को मंगलवार बेटी के साथ चंडीगढ़ जाना था। प्लेटफोर्म नंबर 1 पर आई कालका शताब्दी में कुछ सीटें खाली थी। हरमीत सिंह ने इसमें टिकट लेना चाहा तो पता चला कि आधे घंटे पहले टिकट नहीं मिल सकता। उन्होंने टीटी से टिकट बनाने को कहा तो उसने दो गुना किराए और जुर्माने की बात कही।