भारत-अमेरिका ने की आतंक की कई साजिशे की नाकाम: बराक ओबामा

ओबामा के 8 साल के शासन में भारत-अमेरिका की साझेदारी से कई आतंकी साजिशें नाकाम करने में कामयाबी मिली है। यह अमेरिकी नेशनल सिक्युरिटी काउंसिल में साउथ एशियन अफेयर्स के सीनियर डायरेक्टर पीटर लेवॉय ने कही...

भारत-अमेरिका ने की आतंक की कई साजिशे की नाकाम: बराक ओबामा


ओबामा के 8 साल के शासन में भारत-अमेरिका की साझेदारी से कई आतंकी साजिशें नाकाम करने में कामयाबी मिली है। यह अमेरिकी नेशनल सिक्युरिटी काउंसिल में साउथ एशियन अफेयर्स के सीनियर डायरेक्टर पीटर लेवॉय ने कही। लेवॉय ने कहा किओबामा के 8 साल तक अमेरिका के प्रेसिडेंट रहते हुए आतंकवाद के खिलाफ लड़ाई में भारत-अमेरिका की साझेदारी "जबर्दस्त कामयाब' रही।


बता दें कि पाकिस्तान को साफ कह दिया गया है कि वह प्रायोरिटी तय करे। जो आतंकी पाकिस्तान को निशाना बना रहे हैं उनका सफाया पहले करे। दूसरे नंबर पर वे आतंकी गुट हों, जो पड़ोसियों को निशाना बना रहे हैं। हम पाकिस्तान को साफतौर पर कह रहे हैं कि वह आतंकवाद में भेदभाव न करे। सभी आतंकी गुटों को अपना दुश्मन समझे और उनसे जमकर लड़े।



 गौरतलब है कि भारत को चीन के अड़ंगे की वजह से एनएसजी (न्यूक्लियर सप्लायर्स ग्रुप) की मेंबरशिप नहीं मिल सकी। इस सवाल पर लेवॉय ने कहा, "मेरा मानना है कि किसी देश का नॉन प्रोलिफिरेशन ट्रीटी (एनपीटी) में शामिल हुए बगैर किसी देश का एनएसजी में शामिल होना बहुत, बहुत बड़ी डील है। प्रेसिडेंट बराक ओबामा साफ कर चुके हैं कि भारत अब (एनएसजी में) मेंबरशिप के लिए तैयार है। हमारा मानना है कि भारत का एनएसजी में पूरी तरह रेग्युलर मेंबर की तरह शामिल होना बेहद अहम और ग्रुप के लिए फायदेमंद होगा।