बिना 'आधार' के वरिष्ठ नागरिकों को रेल किराए में नहीं मिलेगी रियायत

1 जनवरी से 31 मार्च के बीच रेल यात्रा में रियायत चाहने वाले वरिष्‍ठ नागरिकों के लिए यह स्‍वैच्छिक रहेगा, लेकिन 1 अप्रैल से यह अनिवार्य हो जाएगा।

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यात्री आरक्षण प्रणाली से जारी होने वाले रेल टिकटों के लिए 'आधार' आधारित टिकट प्रणाली के पहले चरण की शुरुआत करते हुए भारतीय रेलवे ने वरिष्‍ठ नागरिकों के आधार कार्ड सम्‍बन्‍धी विवरण आईआरसीटीसी की वेबसाइट पर ऑन-लाइन तरीके और आरक्षण केंद्रों के माध्‍यम से लिंक करवा सकते हैं।

इस साल 1 जनवरी से 31 मार्च के बीच रेल यात्रा में रियायत चाहने वाले वरिष्‍ठ नागरिकों के लिए यह स्‍वैच्छिक रहेगा, लेकिन 1 अप्रैल से यह अनिवार्य हो जाएगा।

पहले चरण के क्रियान्‍वयन के दौरान यदि वरिष्‍ठ नागरिक अपना टिकट पूरा किराया देकर खरीदना चाहते हैं तो सत्‍यापन की यह प्रक्रिया वैकल्पिक होगी। अनारक्षित टिकटों में वरिष्‍ठ नागरिकों के लिए दी जाने वाली रियायतों की प्रक्रिया में कोई परिवर्तन नहीं होगा।

1 अप्रैल से वरिष्‍ठ यात्रियों को रेल यात्रा के दौरान पहचान के प्रमाण के लिए समय-समय पर जारी निर्देशों के अनुसार जारी आधार कार्ड समेत कोई भी मूल दस्‍तावेज अपने साथ रखना होगा। यात्री किराए में वरिष्‍ठ नागरिकों को दी जाने वाली रियायतों के संबंध में अन्‍य नियम व शर्तों में कोई बदलाव नहीं होगा।