लिव-इन पार्टनर की हत्या कर लाश काे कमरे में ही दफनाया

भाेपाल में लिव-इन रिलेशन में रह रहे पार्टनर ने अपनी प्रेमिका की हत्या कर कमरे में ही चबूतरा बनवा कर दफनाया। आराेपी ने अपना जुर्म कबूल लिया है आैर पुलिस हिरासत में हैं।

लिव-इन पार्टनर की हत्या कर लाश काे कमरे में ही दफनाया

पिछले सात महीने से लापता एक लड़की की तलाश में पश्चिम बंगाल पुलिस की बीते गुरुवार को भोपाल पहुंची। जहां पर उस लड़की का मर्डर का खुलासा हुआ। इस मामले में एक गिरफ्तारी की गई है। आराेपी से पुछताछ के दाैरान आरोपी ने अपना जुर्म कबूल किया है। जांच में यह पता चला कि वह अपने प्रेमिका के साथ भोपाल रह रहा था। बाद में झगड़ों से तंग आकर आरोपी ने प्रेमिका का हत्या कर दिया। इतना ही नहीं, उसने अपनी प्रेमिका की बॉडी को घर के अंदर दफन कर उसके ऊपर चबूतरा भी खुद ही बना दिया, ताकि किसी को शक न हो। मीडिया रिपाेर्टस के मुताबिक आरोपी की मां मध्य प्रदेश और छत्तीसगढ पुलिस में डीएसपी रह चुकी हैं। लड़की के पिता ने अपहरण का माला दर्ज करवाया था।

गोविंदपुरा थाने के सब-इंस्पेक्टर रमेश राय ने मीडिया काे बताया कि वेस्ट बंगाल के बाकुरा डिस्ट्रिक्ट के रहने वाले देवेंद्र कुमार शर्मा की 28 साल की बेटी आकांक्षा श्वेत 24 जून 2016 से लापता थी। देवेंद्र ने बाकुरा थाने में अपनी बेटी के अपहरण का मामला दर्ज करवाया था। देवेन्द्र शर्मा को शक था कि आकांक्षा किसी उदय दास (32) नाम के लड़के के साथ भोपाल के गोविंदपुरा में रह रही है। लिहाजा आकांक्षा के पिता की निशानदेही पर बाकुर थाना पुलिस एमआईजी/62 सेक्टर 3-ए साकेत नगर गोविंदपुरा एड्रेस पर पहुंची और लोकल पुलिस की मदद से उदय दास को अरेस्ट कर लिया।

आरोपी उदय दास के पिता का नाम पीके दास और मां का नाम इंद्राणी दास है।  इंद्राणी दास पहले मध्य प्रदेश पुलिस और बाद में छत्तीसगढ पुलिस में डीएसपी रही हैं। वीके दास भेल में काम करते थे और फोरमैन पोस्ट से रिटायर हुए। आरोपी भोपाल में अकेले रहता था। बताया गया है कि उसके माता-पिता दिल्ली में रहते हैं।

पड़ोसी ने पुलिस को बताया कि करीब 4 महीने पहले उदय के साथ एक लड़की भी यहां रहती थी। दोनों के हाव-भाव देखकर लगता था कि दोनों बिना शादी किए साथ रह रहे थे। हालांकि कुछ दिनों बाद ही लड़की अचानक कहीं चली गई। पड़ोसी ने शक जताया था कि उदय ने लड़की की हत्या कर उसे अपने घर में दफना दिया और उसके ऊपर कांक्रीट का चबूतरा बना दिया।