हरियाणा: जाट आंदाेलनकारियाें ने रेलवे ट्रेक का ताेड़ा गेट

जाट आरक्षण समेत अन्य मांगों के लिए 28 दिन से धरने पर बैठे जाट आंदोलनकारी आज रविवार को काला दिवस मना रहे हैं। यहां कुछ युवा मुंह पर काला कपड़ा पहनकर रेलवे ट्रेक पर पहुंच गए और उन्होंने गेट तोड़ दिया

हरियाणा: जाट आंदाेलनकारियाें ने रेलवे ट्रेक का ताेड़ा गेट

जाट आरक्षण समेत अन्य मांगों के लिए 28 दिन से धरने पर बैठे जाट आंदोलनकारी आज रविवार को काला दिवस मना रहे हैं। हिसार के रामायण में बड़ी संख्या में रामपाल समर्थक धरने में शामिल होने के लिए पहुंचे हैं। यहां कुछ युवा मुंह पर काला कपड़ा पहनकर रेलवे ट्रेक पर पहुंच गए और उन्होंने गेट तोड़ दिया। संघर्ष समिति के सदस्यों के मौके पर पहुंचने के बाद युवा ट्रेक से हटे। उधर, सोशल मीडिया में उग्र संदेश न चलें इसके लिए रोहतक, भिवानी, हिसार, झज्‍जर, सोनीपत समेत कई जिलों में इंटरनेट सेवाएं बंद दी गई हैं।  कई रूटों पर बस सेवा भी बंद कर दी गई हैं।

मीडिया रिपाेर्टस के मुताबिक दिल्ली, गुडग़ांव, फरीदाबाद, पानीपत रूट की बसें बंद हैं। भिवानी, हिसार, सिरसा, फतेहाबाद की ओर से दिल्ली व पानीपत के लिए कोई बस नहीं जा रही हैं। कई रूटों को डायवर्ट कर दिया गया है। इसके कारण आम लोगों को परेशानी का सामना करना पड़ रहा है।

रोहतक के जसिया में सात से आठ हजार के बीच लोग पहुंचे। पुरुष काली पगड़ी तो महिलाएं काला दुपट्टा ओढ़ धरनास्थल पर पहुंचीं। युवा काली टीशर्ट में हाथों में काली पट्टी बांधकर पहुंचे। जाट आरक्षण संघर्ष समिति के राष्ट्रीय अध्यक्ष यशपाल मलिक भी करीब दो बजे पहुचेंगे। जसिया में करीब दो हजार रामपाल समर्थक भी पहुंचे हैं।

गृह मंत्रालय के अतिरिक्त मुख्य सचिव ने अफसरों को निर्देश दिया कि सभी स्थानों पर ड्यूटी मजिस्ट्रेट तैनात कर सुनिश्चित करें कि बस सेवाएं व रेलमार्ग बाधित न हो। जरूरत हो तो यातायात का मार्ग बदल दिया जाए। साथ ही आंदोलनकारियों से गुजारिश की कि यातायात को सुचारू रखने के लिए अपने वालंटीयर लगाएं और ऐसी कोई स्थिति पैदा नहीं होने दें, जिससे कानून एवं व्यवस्था बिगड़े। उन्होंने कहा कि बातचीत की प्रक्रिया जारी है और उम्मीद है कि सकारात्मक परिणाम निकलेंगे। उन्होंने जाट नेताओं से आह्वान किया कि वे पिछले साल उपद्रव के आरोपियों के खिलाफ साक्ष्य के साथ पुलिस अधीक्षक से मिलें। जो भी दोषी होंगे, उनके खिलाफ कार्रवाई होगी चाहे वे किसी भी जाति से हों।

अखिल भारतीय जाट आरक्षण संघर्ष समिति के राष्ट्रीय अध्यक्ष यशपाल मलिक ने कहा कि काला दिवस पर सभी महिलाएं काली चुनरी और पुरुष काली पगड़ी व काली टोपी पहन कर धरना स्थल पर मांगों की अनदेखी के खिलाफ प्रदर्शन करेंगे। उन्होंने दोहराया कि अब सिर्फ सरकार से बातचीत होगी क्योंकि अफसरों की कमेटी से वार्ता में कुछ हासिल होने वाला नहीं। अगर बात नहीं बनी तो 2 मार्च को दिल्ली के जंतर मंतर पर अपनी ताकत दिखाएंगे।