लॉयर बनकर विदेशी महिलाओं से ठगी करने वाला चढ़ा पुलिस के हत्थे

पैसा ठगने के लिए फेसबुक पर बैंकर, लॉयर बनकर विदेशी महिलाओं को ठगने के आरोप में दिल्ली पुलिस ने अफगान नागरिक को किया गिरफ्तार।

लॉयर बनकर विदेशी महिलाओं से ठगी करने वाला चढ़ा पुलिस के हत्थे

अभिनेता रणवीर सिंह की फिल्म 'लेडीज वर्सेज रिकी बहल' देखने के बाद 34 साल के एक अफगान नागरिक की जिंदगी उस वक्त पूरी तरह बदल गई, जब उसने रणवीर के फिल्मी किरदार को असल जिंदगी में जीना शुरू कर दिया। खराब आर्थिक हालत से गुजर रहे अफगान नागरिक हमीदुल्लाह ने जिदंगी में फन भरने और पैसा ठगने के लिए बैंकर से लेकर लॉयर तक कई प्रफेशनल्स के अंदाज में फोटो क्लिक कराकर फेसबुक प्रोफाइल बनाईं और मजबूत इकनॉमिक बैकग्राउंड की महिलाओं को अप्रोच करना शुरू किया। लेकिन यूएस की एक नागरिक को शिकार बनाने के बाद वह पुलिस के शिकंजे में फंस गया।

आरोपी हमीदुल्लाह हाई प्रोफाइल महिलाओं से संपर्क साधने के लिए महंगे नाइट क्लब्स में जाता था। उनसे दोस्ती करता था, शुरू में उन पर कुछ पैसे खर्च कर बाद में उनसे उधारी के नाम पर मोटी रकम लेकर गायब हो जाता था। वह अब तक कईं महिलाओं को ठग चुका है। हाल ही उसने अमेरिका की एक महिला से 60 लाख रुपये ठगे। महिला को जब दोस्ती के नाम पर ठगी का अहसास हुआ तो वह पुलिस के पास गई। महिला की निशानदेही पर पुलिस ने आरोपी को गिरफ्तार किया। फिलहाल आरोपी से पूछताछ की जा रही है।

जॉइंट कमिश्नर रविन्द्र यादव ने बताया कि हमीदुल्लाह ने यूएस नागरिक महिला से खुद को बैंकर बताते हुए दोस्ती की और अपना नाम फहीम एमके बताया था। महिला की शिकायत पर आरोपी को गिरफ्तार करने के लिए हमने इंस्पेक्टर अतुल त्यागी के नेतृत्व में एक टीम का गठन किया। आरोपी को होटल हयात के पास से गिरफ्तार किया गया। धोखाधड़ी के पैसे से आरोपी द्वारा खरीदी गई ज्वैलरी और प्रॉपर्टी को भी सीज कर दिया गया है। वारदात में इस्तेमाल की गई ऑडी और मोबाइल को भी पुलिस ने जब्त कर लिया गया है। आरोपी की मोबाइल और फेसबुक अकाउंट से मिली जानकारी के आधार पर पुलिस का मानना है कि आरोपी अब तक एक दर्जन से ज्यादा महिलाओं को ठग चुका है। यूएस महिला के द्वारा पुलिस को हमीदुल्लाह के बारे में काफी जानकारी मिली है, जिस पर पुलिस जांच कर रही है।

डीसीपी राम गोपाल नाईक की टीम द्वारा पूछताछ के दौरान हमीदुल्लाह ने कहा कि 'उसके पास अफगानिस्तान का पासपोर्ट है। 1997 में वहां हालात खराब होने के कारण वह यूएई आ गया। जुलाई 2011 में वह टूरिस्ट वीजा पर भारत आया जिसे बाद में मेडिकल वीजा में कन्वर्ट करा लिया। वह नोएडा के सेक्टर 128 में रह रहा है। आरोपी का दिल्ली के करोल बाग में ऑफिस था। कई भाषाओं पर उसकी अच्छी पकड़ है और उनसे अलग-अलग नामों से कईं फेसबुक अकाउंट बना रखे हैं। जिनसे वह महिलाओं को अप्रोच करता है।